Hapur News khabarwala24 News Hapur : जिला न्यायालय की भूमि की तलाश के बीच प्रशासनिक अधिकारियों ने गांव अच्छेजा के करीब 59 किसानों के साथ बैठक की है। अधिकारियों ने किसानों के समक्ष सर्किल रेट से 3.5 गुना अधिक मुआवजा देने का प्रस्ताव रखा है। घंटों चली बैठक के बाद किसानों और अधिकारियों के बीच सहमति नजर आ रही है। हालांकि किसानों को उनकी सहमति जाहिर करने के लिए दो दिन का समय दिया गया है। जिसके बाद इस पर अंतिम मोहर लगाई जाएगी।
जिला न्यायायल निर्माण के जिला प्रशासन जल्द से जल्द कोई निर्णय ले लेना चाहता है। प्राधिकरण की 25 एकड़ जमीन की खरीद पर अधिक व्यय को देखते हुए प्रशासन ने दिल्ली रोड के आसपास सस्ती जमीन की तलाश शुरू की थी। जिसके बाद सबली और अच्छेजा गांवों के आसपास की जमीन को उपयुक्त माना गया था। जिला जज द्वारा भी इन जमीनों का निरीक्षण कर लिया गया था। अधिवक्ताओं ने भी डीएम प्रेरणा शर्मा से मिलकर उन्हें अच्छेजा में जिला न्यायालय बनाए जाने की मांग की थी। इसके बाद डीएम प्रेरणा शर्मा ने इसके लिए बनाई गई कमेटी के साथ अच्छेजा के 59 किसानों को वार्ता के लिए बुलाया था। इन किसानों से 25 एकड़ जमीन खरीद के संबंध में चर्चा की गई। वार्त के दौरान डीएम प्रेरणा शर्मा, एडीएम संदीप ङ्क्षसह, एडीजे विपिन कुमार, एआईजी स्टांप अरुण शर्मा, एसडीएम सुनीता सिंह, तहसील जय प्रकाश ने सकारात्मक माहौल में किसानों से लंबी वार्ता की।
अगर बनी बात तो 80 करोड़ में ही खरीद ली जाएगी जमीन
अच्छेजा के आसपास की जमीन के सर्किल रेट 2100 रुपये वर्ग मीटर हैं। ऐसे में 25 एकड़ जमीन की खरीद के लिए जिला प्रशासन को करीब 80 करोड़ रुपये खर्च करने पड़ेंगे। जबकि एचपीडीए द्वारा न्याय विभाग के बीच हुए पिछले अनुबंध के अनुसार प्राधिकरण न्याय विभाग को जिला न्यायालय भवन के लिए जमीन देना तय हुआ था। जिसके लिए जिला प्रशासन को कुल 281 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाना था। इतनी भारी भरकम धनराशि को देखते हुए ही शासन ने जिला प्रशासन को सस्ती जमीन मुहैया कराने के निर्देश दिए थे। ऐसे में अच्छेजा में बात बनती है तो शासन को करीब 200 करोड़ रुपये कम खर्च करने पड़ेंगे। जबकि इससे हापुड़ पिलखुवा विकास प्राधिकरण को भी लाभ मिलेगा। प्राधिकरण का इस जमीन में बड़ी आवासीय कालोनी विकसित करने का विचार है।